नया बदायूं, संवाददाता।
नारी शक्ति वंदन अधिनियम अभियान के अंतर्गत सरस्वती विद्या मंदिर में आयोजित बिसौली विधानसभा के सम्मेलन को केंद्रीय राज्यमंत्री बीएल वर्मा, जिलाध्यक्ष राजीव कुमार गुप्ता, पूर्व विधायक कुशाग्र सागर, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष पूनम यादव, प्रदेश मंत्री महिला मोर्चा दीक्षा माहेश्वरी ने सम्मलेन को संबोधित किया।
नारी सशक्तिकरण की दिशा में मीर का पत्थर साबित होगा अधिनियम
केंद्रीय राज्यमंत्री बीएल वर्मा ने कहा आज जब देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा संसद का विशेष सत्र बुलाकर नारी सशक्तिकरण की दिशा में मील का पत्थर साबित होने वाले नारी शक्ति वंदन अधिनियम को पारित करने का कार्य किया जा रहा है, तब यह पूरे देश की महिलाओं के लिए आशा, विश्वास और सम्मान का प्रतीक बन गया है। उन्होंने कहा कि यह अधिनियम देश के लोकतांत्रिक इतिहास में एक ऐतिहासिक, दूरदर्शी और परिवर्तनकारी पहल है। भारत सरकार द्वारा लोकसभा एवं राज्य विधानसभाओं में महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण का प्रावधान कर उन्हें नीति निर्माण और निर्णय प्रक्रिया में समान भागीदारी देने का मार्ग प्रशस्त किया गया है। यह अधिनियम केवल प्रतिनिधित्व बढ़ाने तक सीमित नहीं है, बल्कि महिलाओं को सशक्त नेतृत्व के रूप में स्थापित करने का माध्यम भी बनेगा। पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष पूनम यादव ने कहा यह अधिनियम केवल एक कानूनी व्यवस्था नहीं, बल्कि देश की करोड़ों महिलाओं के सपनों, संघर्षों और अधिकारों को साकार करने का सशक्त माध्यम है। प्रदेश मंत्री महिला मोर्चा दीक्षा माहेश्वरी ने कहा पिछले एक दशक में केंद्र सरकार द्वारा चलाई गई विभिन्न योजनाओं ने महिलाओं के जीवन स्तर में व्यापक सुधार किया है। मंच का संचालन नगर अध्यक्ष महिला मोर्चा सविता शर्मा ने किया। इस मौके पर मुड़िया धुरेकी चैयरमैन अनुपम पाठक, जिला उपाध्यक्ष सीमा राठौर, जिला उपाध्यक्ष सरिता वार्ष्णेय, अहिता दुबे, निर्मल कठेरिया, डॉ सुविधा माहेश्वरी, ऋतु अग्रवाल, मिथिलेश आदि मातृशक्ति उपस्थित रहे।
महिलाओं के उत्थान को ठोस कदम
जिलाध्यक्ष राजीव कुमार गुप्ता ने कहा नारी शक्ति वंदन अधिनियम महिलाओं के आत्मविश्वास को नई मजबूती देगा और उन्हें राजनीति सहित विभिन्न क्षेत्रों में नेतृत्व करने के अवसर प्रदान करेगा। उन्होंने कहा कि जब महिलाएं निर्णय लेने वाली भूमिका में आगे आएंगी, तो नीतियों में संवेदनशीलता, पारदर्शिता और जनकल्याण की भावना और अधिक मजबूत होगी। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा कि केंद्र सरकार ने पिछले वर्षों में महिलाओं के उत्थान के लिए जो ठोस कदम उठाए हैं, उनका ही परिणाम है कि आज महिलाएं हर क्षेत्र में अपनी सशक्त उपस्थिति दर्ज करा रही हैं। उन्होंने कहा कि यह अधिनियम विकसित भारत के निर्माण में महिलाओं की निर्णायक भागीदारी सुनिश्चित करेगा।
