नया बदायूं, संवाददाता।
प्रांतीय आवाह्न पर जिला कांग्रेस कमेटी के पूर्व अध्यक्ष ओमकार सिंह, शहर कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष मुन्नालाल सागर, जिला कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष सुरेश राठौर, जिला कांग्रेस कमेटी उपाध्यक्ष सुनीता सिंह के संयुक्त नेतृत्व में जिला व शहर के पदाधिकारीयों एवं कार्यकर्ता ने कलेक्ट्रेट स्थित अंबेडकर पार्क पर इकट्ठा हुए। इसके बाद महोबा जनपद की दलित छात्रा के साथ हुए अमानवीय व शर्मनाक घटना के विरोध धरना प्रदर्शन किया और जुलूस निकालकर कलेक्ट्रेट तक, छात्रा को न्याय दो, के नारो के साथ कलेक्ट्रेट पहुंचे। जहां एसडीएम बिल्सी राजेश कुमार सिंह को राज्यपाल से संबोधित ज्ञापन सौंपा। तीन सूत्रीय ज्ञापन में कांग्रेसियों ने घटना के दोषियों को कड़ी सजा, छात्रा के परिवार को सुरक्षा एवं आर्थिक सहायता देने की मांग की।
जिला कांग्रेस कमेटी के पूर्व अध्यक्ष ओमकार सिंह ने कहा कि महोबा जनपद की दलित छात्रा के साथ जो अत्यंत अमानवीय और शर्मनाक घटना हुई है उससे पूरा प्रदेश शर्मशार है। उसके दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलवाई जाए एवं दलित छात्रा के परिवारों को सुरक्षा सरकार मुहैया कराये और छात्रा के परिवार को आर्थिक सहयोग भी दिया जाना न्याय हित में देना आवश्यक है। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे शहर कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष मुन्ना लाल सागर ने कहा की इस सरकार में दलितों के साथ बहुत अत्याचार हो रहा है और सरकार दलितों की उपेक्षा करते हुए कोई कार्रवाई नहीं कर रही है। जिला कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष सुरेश राठौर, जिला कांग्रेस कमेटी की उपाध्यक्ष सुनीता सिंह, जिला कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष वीरेश तोमर, जिला कांग्रेस कमेटी के महासचिव ठाकुर आलोक सिंह, शहर कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष नरेशपाल शर्मा, शहर कांग्रेस कमेटी अल्पसंख्यक कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष बन्ने खां, एससी-एसटी कांग्रेस के जिला अध्यक्ष मुनेंद्र कनौजिया, विधि प्रकोष्ठ के अध्यक्ष सूरजपाल सिंह सोलंकी ने कहा इस शर्मनाक घटना की जितनी भी निंदा की जाए उतनी कम है। कार्यक्रम में उझानी नगर कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष रियासत खान, पूर्व नगर अध्यक्ष अरुण पाराशर जिला कांग्रेस कमेटी के पूर्व सचिव मुजाहिद रजा, जिला कांग्रेस कमेटी के पूर्व महासचिव उदयभान सिंह, असरार भाई, प्रशांत शर्मा जाविर मियां, चाचा जमील कुरैशी, इकराम अली, राम सिंह, श्याम पाल सिंह, सुरेंद्र, फारुक खान, गौरव सिंह सहित मौजूद रहे।
