नया बदायूं, संवाददाता।
जनपद बदायूं में एनएचएम के तहत तैनात अधिकारी-कर्मचारी और डाक्टर के अलावा अन्य कर्मचारियों को पिछले तीन महीने से बजट नहीं मिला है। जिसकी वजह से चार महीने से किसी को मानदेय नहीं मिला है। इससे अधिकारी-कर्मचारी सहित परेशान हैं, बार-बार डिमांड की जा रही है। मगर शासन स्तर से बजट नहीं मिल पा रहा है। अधिकारी-कर्मचारी और डाक्टर बजट के संकट में आर्थिक समस्याओं से जूझ रहे हैं। इसको लेकर बीते दिनों लखनऊ में एनएचएम पदाधिकारियों की बैठक भी हुई है। एनएचएम कर्मचारियों ने निर्णय लिया कि वेतन जारी जल्द नहीं हुआ तो आंदोलन करेंगे।
बदायूं जनपद में स्वास्थ्य विभाग में डीपीएम यूनिट, जिला महिला व पुरुष अस्पताल, विभिन्न प्राथमिक व सामुदायिक स्वा केंद्रों व विभिन्न आयुष्मान आरोग्य मंदिर पर कार्यरत लगभग 1200 से ज्यादा अधिकारी-कर्मचारी, डाक्टर तैनात हैं। कार्मिक जनपद में पूरी जिम्मेदारी से स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान कर रहे हैं इन कार्मिकों को माह मार्च से बजट के अभाव में वेतन भुगतान नहीं किया गया है जबकि इस समय बच्चों का स्कूल में दाखिला,स्टेशनरी आदि खरीदनें का समय है। ऐसे में वेतन न मिलना शोषण के दायरे में आता है, इससे कर्मचारी परेशान हैं और आक्रोशित हो रहे हैं। एएनएचएम के जिलाध्यक्ष कृष्ण बल्लभ चतुर्वेदी ने कहा कि राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन कर्मचारी संघ उत्तर प्रदेश द्वारा शासन को पत्र प्रेषित कर अवगत करा दिया गया है कि यदि 20 मई तक यदि लम्बित वेतन का भुगतान नहीं होता है तो प्रांतीय स्तर पर एनएचएम कार्मिक आन्दोलन पर चले जायेंगे। इससे पूर्व राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन कर्मचारी संघ जनपद बदायूं द्वारा मुख्य चिकित्साधिकारी महोदय बदायूं को भी ज्ञापन द्वारा अवगत करा दिया जायेगा। जिसकी पूर्ण जिम्मेदारी शासन प्रशासन की होगी। अगर ऐसा होता है तो जिले भर में चिकित्सा सुविधाएं चौपट हो जायेंगी और जनता को काफी दिक्कत होगी।
संगठन पदाधिकारियों की सुनिए:::
राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन कर्मचारी संघ जनपद बदायूं जिलाध्यक्ष कृष्ण वल्लभ चतुर्वेदी ने कहा कि कर्मचारी अधिकांश बाहरी जनपदों से हैं जो यहां किराया पर रह रहे हैं और खानपान आदि को लेकर दिक्कतें हो रही हैं। बच्चों की शिक्षा प्रभावित हो रही है। इसके अलावा परिवारों को भी दिक्कत हो रही हैं। बीते दिनों लखनऊ में बैठक में गए थे, जिसमें अपनी बात रखी और संगठन की ओर से शासन को अवगत कराया गया है। फिर भी अनसुनी हो रही है, 20 मई से सभी एनएचएम कर्मचारी इमरजेंसी सेवाओं को छोड़कर बाकी आंदोलन करेंगे।
सीएमओ की सुनिए:::::
बदायूं सीएमओ डॉ. मोहन झा का कहना है कि कर्मचारियों का मानदेय नहीं गया है यह बात ठीक है। शासन स्तर से बजट नहीं मिला है बजट की दिक्कत है। इसलिए परेशानी हो रही है। यह समस्या पूरे प्रदेश की है उनके स्तर से निस्तारण नहीं हो सकती है। इसको लेकर शासन को पत्राचार किया गया है। शासन स्तर से ही जल्द निर्णय लिया जायेगा और समस्या का निस्तारण किया जायेगा।
