नया बदायूं

यूपी का सबसे लंबा एक्सप्रेस-वे गंगा एक्सप्रेस-वे तैयार : मातृभूमि कन्नौज से जन्मभूमि बदायूं की दूरी हुई कम

नया बदायूं, संवाददाता। राहुल पटेल
उत्तर प्रदेश में मोदी-योगी की सरकार ने सबसे लंबा एक्सप्रेस-वे बनाकर तैयार कर दिया है। सबसे लंबा एक्सप्रेस-वे गंगा एक्सप्रेस वे है, जो पूरी तरह तैयार हो गया है। 29 अप्रैल को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी हरदोई से उदघाटन करेंगे। गंगा एक्सप्रेस-वे बनने से प्रयागराज का सफर आसान हो जायेगा। अभी तक जहां प्रयागराज पहुंचने में दस से 12 घंटे लगते हैं, वहीं गंगा एक्सप्रेस-वे से प्रयागराज पांच से छह घंटे में प्रयागराज की दूरी आसानी से तय हो जायेगी। गंगा एक्सप्रेस-वे पर कारें 120 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से निकलेंगी। इस गंगा एक्सप्रेस-वे को लेकर योगी सरकार के मंत्री ने सोशल साइट पर अपनी फोटो शेयर कर कहा है कि मातृभूमि कन्नौज से जन्मभूमि बदायूं की दूरी कम हो गई है।

यूपी सरकार में समाज कल्याण विभाग में स्वतंत्र प्रभार मंत्री असीम अरूण बदायूं में कार्यक्रम में सम्मलित हुए। कार्यक्रम में आने-जाने के लिए उन्होंने मोदी-योगी सरकार की ओर से बनकर तैयार हुए गंगा एक्सप्रेस-वे का इस्तेमाल किया। उन्होंने आते-जाते समय गंगा एक्सप्रेस-वे पर रूके और देखा। इसके बाद उन्होंने सेल्फी भी ली और मोदी-योगी सरकार का धन्यवाद किया। कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश से पूर्वी उत्तर प्रदेश को अच्छी कनेक्टविटी दी है। उन्होंने अपने सोशल साइट पर फोटो शेयर कर कहा है कि मातृभूमि कन्नौज और जन्मभूमि बदायूं के बीच की दूरी कम हो गई है। कहा कि यूपी का सबसे लंबा एक्सप्रेस-वे गंगा एक्सप्रेस-वे बना है। जिससे बदायूं को सीधी कनेक्टविटी मिली है और वाहनों को रफ्तार मिली है। बदायूं के विकास कार्यों को भी रफ्तार मिली है। बतादें कि योगी सरकार के मंत्री असीम अरूण कन्नौज के रहने वाले हैं लेकिन उनका जन्म बदायूं जिला महिला अस्पताल में हुआ है, इसलिए जन्मभूमि बदायूं है और बदायूं से विशेष लगाव है। बदायूं आते-जाते रहते हैं। इसीलिए उन्होंने कहा कि मातृभूमि से जन्मभूमि की दूरी कम हो गई है।

594 किलो मीटर लंबा है गंगा एक्सप्रेस-वे
उत्तर प्रदेश में मेरठ से प्रयागराज तक 594 किमी लंबा गंगा एक्सप्रेस-वे बनकर तैयार हो चुका है। गंगा एक्सप्रेस-वे से 29 अप्रैल को लोकापर्ण के बाद वाहनों का दौड़ना शुरू हो जायेगा। गंगा एक्सप्रेस-वे से लोगों को सुगम एवं सुरक्षित सफर की सुविधा मिलेगी। अभी तक जहां लोगों को म्याऊं, उसावां, कलान, जलालाबाद, हरदोई, लखनऊ, राय बरेली, कुंडा प्रतापगढ़ होते हुये प्रयागराज जाने के लिए कार से दस से 12 घंटे का समय देना पड़ता है, वहीं गंगा एक्सप्रेस-वे चालू होने पर प्रयागराज पहुंचने में पांच से छह घंटे ही लगेंगे। इससे जहां लोगों को अधिक देर कार में बैठना नहीं पड़ेगा वहीं समय भी बर्बाद नहीं होगा। गंगा एक्सप्रेस-वे पर सफर करने वाले लोगों की सुरक्षा का भी पूरा ध्यान रखा गया है।

कहां से कहां तक है एक्सप्रेस-वे
गंगा एक्सप्रेस-वे मेरठ-बुलंदशहर मार्ग (राष्ट्रीय राजमार्ग-334) पर स्थित जनपद मेरठ के बिजौली ग्राम से शुरू होकर प्रयागराज बाईपास (राष्ट्रीय राजमार्ग-19) पर जनपद प्रयागराज के जुड़ापुर दांदू ग्राम के समीप तक जाता है। इस परियोजना से प्रदेश के पश्चिमी और पूर्वी क्षेत्रों के बीच आवागमन अत्यंत सुगम और तेज होगा। एक्सप्रेस-वे की 92 किमी दूरी जिले की सीमा में पड़ती है।

फ्लाइट की भी मिलेगी सुविधा
योगी-मोदी सरकार ने गंगा एक्सप्रेस-वे से बड़ा लाभ दिया है। गंगा एक्सप्रेस-वे का जेवर ऐयरपोर्ट जाने वालों को भी लाभ मिलेगा। जिले से बड़ी संख्या में व्यापारी एवं चिकित्सा वर्ग के लोगों का देश, विदेश आना जाना रहता है। ये लोग गंगा एक्सप्रेस-वे के जरिये आसानी से जेवर ऐयरपोर्ट पहुंचकर फ्लाइट पकड़ सकेंगे।

छह लेन में तैयार है एक्सप्रेस-वे
गंगा एक्सप्रेस-वे को हाई-स्पीड यात्रा के लिये तैयार किया गया है। एक्सप्रेस-वे पर कारों के लिए अधिकतम स्पीड लिमिट 120 किमी प्रति घंटा तय की गई है। एक्सप्रेस-वे फिलहाल छह-लेन में तैयार हुआ है। भविष्य में आठ-लेन तक विस्तारित करने का प्रावधान रखा गया है।

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